ग्रामीण क्षेत्रों की महिलाओं को आर्थिक रूप से मजबूत बनाने के लिए एक नई पहल शुरू की गई है। राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (NRLM) के तहत स्वयं सहायता समूह (SHG) से जुड़ी महिलाओं को बकरी पालन का व्यवसाय शुरू करने के लिए सरकार बड़ी सहायता देने जा रही है। इस योजना के तहत पात्र महिलाओं को 90 प्रतिशत सरकारी अनुदान पर पांच बकरियां और एक बकरा उपलब्ध कराया जाएगा, ताकि वे अपना स्वरोजगार शुरू कर सकें।

प्रशासन के अनुसार जिले में सक्रिय स्वयं सहायता समूहों की हजारों महिलाओं को चरणबद्ध तरीके से इस योजना का लाभ दिया जाएगा। पशुपालन विभाग तकनीकी सहायता, प्रशिक्षण और पशुओं की स्वास्थ्य सेवाएं भी उपलब्ध कराएगा, जिससे महिलाओं को बकरी पालन से बेहतर आमदनी मिल सके।

65 हजार महिलाओं को मिलेगा योजना का लाभ

जिले में राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत करीब 6 हजार स्वयं सहायता समूह सक्रिय हैं, जिनसे 65 हजार से अधिक महिलाएं जुड़ी हुई हैं। इन्हीं समूहों की पात्र महिलाओं का चयन कर उन्हें बकरी पालन के लिए सहायता प्रदान की जाएगी। सरकार का लक्ष्य महिलाओं को ऐसा रोजगार उपलब्ध कराना है, जिससे वे नियमित आय अर्जित कर सकें और अपने परिवार की आर्थिक स्थिति मजबूत बना सकें।

60 हजार रुपये की बकरी यूनिट पर 90% सब्सिडी

योजना के तहत प्रत्येक चयनित महिला को लगभग 60 हजार रुपये मूल्य की बकरी यूनिट दी जाएगी। इसमें 90 प्रतिशत राशि सरकार अनुदान के रूप में देगी, जबकि शेष 10 प्रतिशत राशि लाभार्थी को स्वयं जमा करनी होगी। इस सहायता के माध्यम से महिलाएं कम लागत में अपना बकरी पालन व्यवसाय शुरू कर सकेंगी।

मिलेगा प्रशिक्षण और तकनीकी सहयोग

योजना का लाभ लेने वाली महिलाओं को बकरी पालन का प्रशिक्षण भी दिया जाएगा। प्रशिक्षण के दौरान पशुओं के रखरखाव, संतुलित आहार, टीकाकरण, रोग नियंत्रण, प्रजनन प्रबंधन और आधुनिक बकरी पालन की जानकारी दी जाएगी। इसके अलावा पशुपालन विभाग समय-समय पर पशुओं के स्वास्थ्य की जांच और तकनीकी मार्गदर्शन भी उपलब्ध कराएगा।

ऐसे होगा लाभार्थियों का चयन

योजना के लिए पात्र महिलाओं का चयन ग्राम पंचायत स्तर पर किया जाएगा। ग्राम सभाओं में बैठक आयोजित कर स्वयं सहायता समूहों से आवेदन लिए जाएंगे।बकरी पालन का अनुभव रखने वाली महिलाओं को चयन में प्राथमिकता दी जाएगी। वहीं, जिन महिलाओं ने पिछले तीन वर्षों में इसी योजना का लाभ लिया है, उन्हें दोबारा पात्र नहीं माना जाएगा।

आवेदन के साथ जमा करने होंगे ये दस्तावेज

योजना के लिए आवेदन करते समय महिलाओं को कुछ जरूरी दस्तावेज जमा करने होंगे। इनमें आधार कार्ड, बैंक पासबुक की कॉपी, बकरी पालन प्रशिक्षण प्रमाण पत्र (यदि उपलब्ध हो) तथा 10 रुपये के स्टाम्प पेपर पर कम से कम तीन वर्ष तक बकरी यूनिट संचालित करने का शपथ पत्र शामिल होगा। सभी आवेदनों का सत्यापन पशु चिकित्सा अधिकारी कार्यालय द्वारा किया जाएगा।